Monday, April 4, 2011

आइवरी कोस्ट : आबिदजान एयरपोर्ट पर फ्रांसीसी बलों ने किया कब्जा


आइवरी कोस्ट के अंतरराष्ट्रीय मान्यता प्राप्त राष्ट्रपति अलासान ओतारा के वफादारों और निवर्तमान राष्ट्रपति लॉरेंट बाग्बो के समर्थकों के बीच गुरुवार से जारी घमासान तेज हो गया है। हफ्ते भर से जारी इस संघर्ष में मरने वालों की संख्या 1,000 तक पहुंच गई है। फ्रांसीसी सुरक्षाबलों ने आबिदजान हवाई अड्डे पर कब्जा कर लिया है। वेबसाइट बीबीसी डॉट को डॉट यूके के अनुसार फ्रांसीसी सेना के प्रवक्ता थेरी दुर्खाद ने बताया कि फ्रांस ने अतिरिक्त रूप से 300 सैनिकों को आइवरी कोस्ट भेजा है। 1,500 से अधिक विदेशी नागरिक फ्रांसीसी शिविर में ठहरे हुए हैं। इनमें 700 फ्रांसीसी, 600 लेबनानी और 60 यूरोपीय नारिक शामिल हैं। ओतारो के एक सलाहकार ने कहा कि निर्णायक लड़ाई के लिए आबिदजान के बाहर सुरक्षाबल एकत्रित हो रहे हैं। बाग्बो के कब्जे वाले एक सरकारी टीवी चैनल कहा कि फ्रांसीसी सुरक्षाबल रवांडा जैसे नरसंहार को अंजाम देने की तैयारी कर रहे हैं। रवांडा में वर्ष 1994 में फ्रांसीसी हमले में 800,000 से अधिक लोग मारे गए थे। आइवरी कोस्ट के हालात को देखते हुए फ्रांसीसी राष्ट्रपति निकोलस सरकोजी ने रविवार दोपहर बाद बैठक बुलाई। अमेरिका की विदेश मंत्री हिलेरी क्लिंटन ने बाग्बो से फिर से सत्ता छोड़ने को कहा है। दक्षिण अफ्रीका सेवानिवृत्त आर्कबिशप और नोबेल पुरस्कार विजेता डेसमंड टूटू ने दोनों नेताओं से हथियार छोड़ देने की अपील की है। उन्होंने कहा, अभी तक इन झड़पों में भारी संख्या में लोग मारे गए हैं अब और नहीं। हमें हिंसा को रोक सकते हैं और दो पक्षों को आपस में बातचीत करनी चाहिए। खासकर ओतारो की तरफ से पहल होनी चाहिए। शनिवार को राष्ट्रपति भवन के आसपास के इलाकों सहित शहर के प्रमुख हिस्सों में लड़ाई जारी है। यहां भारी गोलाबारी की आवाजें सुनी गई। शनिवार को बाग्बो के समर्थकों की गोलीबारी में संयुक्त राष्ट्र शांति बल के चार सुरक्षाकर्मी बुरी तरह घायल हो गए। आइवरी कोस्ट के पश्चिमी हिस्से में 1,000 नागारिकों के मारे जाने की खबरें मिली हैं। एक कैथोलिक संस्था ने बताया कि डवेक्वे में इन लोगों को या तो गोलियों से भून दिया गया या चाकू घोंपकर हत्या कर दी गई। यह इलाका ओतारो के वफादारों के कब्जे में है। रपट के अनुसार शनिवार को राष्ट्रपति भवन, सरकारी टेलीविजन चैनल के मुख्यालय और अगबान सैन्य ठिकानों के बाहर भीषण लड़ाई हुई, जबकि शहर भर में भारी गोलीबारी हुई। ओतारो के सुरक्षाबलों के घायल जवानों को अस्पताल में ले जाते हुए देखा गया। बाग्बो के सर्मथकों ने संयुक्त राष्ट्र के एक वाहन पर ग्रेनेड फेंका था। इसमें शांति सेना के चार जवान गंभीर रूप से घायल हो गए। इसके पहले भी आबिदजान शहर के कोकोडी जिले में संयुक्त राष्ट्र के एक गश्ती दल पर हमला हो चुका है। इसकी जवाबी कार्रवाई में बाग्बो के पांच समर्थकों को निशाना बनाया गया। दूसरी ओर सैनिक ने बाग्बो के रक्षा एवं सुरक्षा बल(एफडीएस) के बहुत से सदस्यों के साथ सरकारी टेलीविजन पर बयान पढ़ा। इसमें सैनिकों से इकट्ठा होकर सरकारी प्रतिष्ठानों की हिफाजत करने को कहा गया। एक अन्य घोषणा में बाग्बो सर्मथक युवा मिलीशिया से आबिदजान की घाटी में फैले दो पुलों पर कब्जा करने को कहा गया है। इस बीच दोनों नेताओं के समर्थकों के बीच जारी संघर्ष में लाखों नागरिक फंसे हुए हैं। कुछ लोगों बचने के लिए इधर-उधर भागते हुए देखा गया|

No comments:

Post a Comment